Skymet weather

[Hindi] गुलमर्ग, पहलगाम में हुई बारिश, शिमला, धर्मशाला, नैनीताल में भी वर्षा के आसार

March 14, 2018 5:40 PM |

Snowfall-in-Kashmir

Updated on March 14, 2018: गुलमर्ग, पहलगाम में हुई बारिश, शिमला, धर्मशाला, नैनीताल में भी वर्षा के आसार

जैसा स्काइमेट ने अनुमान लगाया था, पिछले 24 घंटों के दौरान गुलमर्ग, पहलगाम और श्रीनगर सहित कश्मीर के कई इलाकों में वर्षा और बर्फबारी दर्ज की गई है। इस दौरान गुलमर्ग में 14.7 मिमी, कुपवाड़ा में 14.2 मिमी और श्रीनगर में 1 मिलीमीटर वर्षा रिकॉर्ड की गई है। गौरतलब है कि जम्मू कश्मीर के विभिन्न हिस्सों में बारिश देने वाला पश्चिमी विक्षोभ धीरे-धीरे पूर्वी दिशा में बढ़ता जा रहा है। इससे जहां कश्मीर में वर्षा में कमी आएगी वहीं हिमाचल प्रदेश में बारिश की गतिविधियां जल्द ही शुरू हो जाएंगी।

हालांकि वरिष्ठ मौसमी विशेषज्ञ एवीएम जीपी शर्मा के अनुसार आगे निकल रहे पश्चिमी विक्षोभ के पीछे ही एक नया सिस्टम भी आ रहा है, जो इस समय उत्तरी पाकिस्तान और इससे सटे जम्मू कश्मीर के करीब पहुँच गया है। यही वजह है कि कश्मीर या हिमाचल में बारिश लंबा अंतराल नहीं होगा जबकि अगले 2-3 दिनों तक वर्षा और बर्फबारी जारी रहेगी। अनुमान है कि कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में 16 मार्च तक कई जगहों पर वर्षा और एक-दो स्थानों पर बर्फबारी देखने को मिलेगी। उत्तराखंड में भी कुछ स्थानों पर इस दौरान बारिश होने के आसार हैं।

[yuzo_related]

पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से एक चक्रवाती सिस्टम मध्य पाकिस्तान पर बना हुआ है और इससे एक ट्रफ रेखा उत्तर-पश्चिमी उत्तर प्रदेश तक सक्रिय है। इन सभी सिस्टमों के संयुक्त प्रभाव से अगले 2-3 दिनों तक उत्तर भारत में मौसम में हलचल बनी रहेगी और सामान्य से ऊपर चल रहे तापमान में गिरावट देखने को मिलेगी।

Published on March 14, 2018: कश्मीर, हिमाचल, उत्तराखंड में 15 मार्च अच्छी वर्षा व बर्फबारी, हिमस्खलन की है आशंका पश्चिमी हिमालयी राज्यों के पास एक पश्चिमी विक्षोभ बना हुआ है। इसके प्रभाव से जल्द ही जम्मू कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में बारिश और बर्फबारी शुरू हो सकती है। इसके बाद एक नया पश्चिमी विक्षोभ अगले 24 घंटों के बाद प्रभावित करेगा जिससे पर्वतीय राज्यों में 15 मार्च तक वर्षा जारी रहने के आसार हैं। इन गतिविधियों के चलते अगले कुछ दिनों तक अधिकतम तापमान में गिरावट होने की संभावना है।

जम्मू कश्मीर के पास बना वर्तमान पश्चिमी विक्षोभ बहुत प्रभावी नहीं है लेकिन जम्मू कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में कई जगहों पर हल्की और एक-दो स्थानों पर मध्यम वर्षा देगा। उत्तराखंड में भी आज शाम से गतिविधियां शुरू हो सकती हैं। अगले 24 घंटों के दौरान होने वाली इन गतिविधियों के साथ तीनों पर्वतीय राज्यों में ऊंचे स्थानों पर एक-दो जगह बर्फ भी गिर सकती है।

मौसमी हलचल अब से 15 मार्च तक जारी रहेगी क्योंकि वर्तमान पश्चिमी विक्षोभ एक ओर आगे बढ़ रहा होगा तो दूसरा सिस्टम करीब आकार पहाड़ों पर गतिविधियां और बढ़ा देगा। आगामी सिस्टम इस समय उत्तरी अफगानिस्तान और इससे सटे पाकिस्तान पर है और अपेक्षाकृत अधिक प्रभावी है। इसके चलते 14 और 15 मार्च को जम्मू कश्मीर तथा हिमाचल प्रदेश में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम और एक-दो जगहों पर भारी वर्षा और बर्फबारी होने की संभावना है।

[yuzo_related]

उत्तराखंड में कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम वर्षा के साथ ऊंचे स्थानों पर बर्फबारी देखने को मिल सकती है। मौसम में इस बदलाव को देखते हुए सैलानियों के चेहरे खिल उठेंगे। लेकिन इस सीज़न में पहाड़ों पर भारी बारिश या बर्फबारी अपने साथ कई चुनौतियाँ भी लेकर आती है। स्काइमेट के वरिष्ठ मौसम विशेषज्ञ महेश पालावत के अनुसार कश्मीर और हिमाचल के ऊंचे स्थानों पर 15 और 16 मार्च कहीं-कहीं हिमस्खलन और भूस्खलन की आशंका है। गरज और वर्षा वाले बादलों की ताज़ा स्थिति जानने के लिए नीचे दिए गए मैप पर क्लिक करें।

Lightning in Jammu Kashmir

इस मौसमी परिदृश्य को देखते हुए हमारा सुझाव है कि स्थानीय प्रशासन लोगों को पहले से ही सतर्क करे और विषम स्थितियों से निपटने के लिए तैयार रहे। जिन स्थानों पर ऐसे मौसम में जोखिम अधिक हो वहाँ जाने पर पाबंदी लगा देनी चाहिए। इस दौरान भारी बर्फबारी के चलते कुछ रास्ते भी बंद हो सकते हैं। पर्यटकों को अगले 2-3 दिन के दौरान इस मौसम का आनंद उठाते हुए किसी अप्रिय घटना को टालने के लिए सतर्क रहने की आवश्यकता है।

Image credit: JandKNow

कृपया ध्यान दें: स्काइमेट की वेबसाइट पर उपलब्ध किसी भी सूचना या लेख को प्रसारित या प्रकाशित करने पर साभार: skymetweather.com अवश्य लिखें।

 

 







For accurate weather forecast and updates, download Skymet Weather (Android App | iOS App) App.

Weather Forecast

Other Latest Stories






latest news

Skymet weather

Download the Skymet App

Our app is available for download so give it a try

×