[Hindi] सम्पूर्ण भारत का 28 मई, 2026 का मौसम पूर्वानुमान

By: Mahesh Palawat | Edited By: Mohini Sharma
May 27, 2026, 12:12 PM
WhatsApp icon
thumbnail image

अगले 24 घंटे का मौसम पूर्वानुमान, प्रतीकात्मक फोटो (AI)

देश भर में मौसम प्रणाली:

दक्षिण-पश्चिम मानसून के अगले 2 से 3 दिनों के दौरान दक्षिण-पश्चिम और दक्षिण-पूर्व अरब सागर, कोमोरिन क्षेत्र, दक्षिण-पश्चिम, दक्षिण-पूर्व और पूर्व-मध्य बंगाल की खाड़ी तथा अंडमान सागर के शेष हिस्सों में आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं।

मध्य उत्तर प्रदेश और उससे सटे इलाकों पर समुद्र तल से 0.10 किमी की ऊंचाई पर एक चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है।

एक अन्य चक्रवाती परिसंचरण उत्तर छत्तीसगढ़ और उससे लगे आंतरिक ओडिशा पर समुद्र तल से 0.9 किमी की ऊंचाई पर स्थित है।

एक ट्रफ उत्तर-पश्चिम उत्तर प्रदेश से लेकर दक्षिण ओडिशा तट तक फैली हुई है, जो मध्य उत्तर प्रदेश के चक्रवाती परिसंचरण, उत्तर-पूर्व मध्य प्रदेश तथा उत्तर छत्तीसगढ़ और आसपास के आंतरिक ओडिशा के चक्रवाती परिसंचरण से होकर गुजर रही है।

एक अन्य ट्रफ दक्षिण बिहार से उत्तर आंध्र प्रदेश तट तक झारखंड और आंतरिक ओडिशा के ऊपर से होकर समुद्र तल से 1.5 किमी की ऊंचाई पर बनी हुई है।

उत्तर तमिलनाडु तट और आसपास के क्षेत्रों पर समुद्र तल से 5.8 किमी की ऊंचाई पर एक चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है।

दक्षिण-पूर्व अरब सागर और उससे सटे क्षेत्रों पर समुद्र तल से 3.1 से 7.6 किमी की ऊंचाई के बीच एक चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय है।

पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी और उससे लगे क्षेत्रों पर भी समुद्र तल से 3.1 से 7.6 किमी की ऊंचाई के बीच एक चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है।

28 मई से एक नया पश्चिमी विक्षोभ उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित कर सकता है।

पिछले 24 घंटों के दौरान देश भर में हुई मौसमी हलचल

पिछले 24 घंटे के दौरान, तेलंगाना, रायलसीमा, तटीय कर्नाटक, पूर्वी बिहार और सिक्किम में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर भारी वर्षा दर्ज की गई।

पश्चिम बंगाल, पश्चिम असम के कुछ हिस्सों, अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह, तटीय आंध्र प्रदेश, केरल और उत्तर तमिलनाडु में हल्की से मध्यम बारिश के साथ एक-दो स्थानों पर तेज बारिश हुई।

आंतरिक तमिलनाडु, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, विदर्भ, लक्षद्वीप, केरल, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में हल्की से मध्यम बारिश हुई।

उत्तर प्रदेश के मध्य और पश्चिमी हिस्सों तथा राजस्थान के कुछ इलाकों में हल्की बारिश और गरज-चमक देखी गई।

पश्चिम उत्तर प्रदेश और उत्तर राजस्थान के कुछ भागों में भीषण लू की स्थिति बनी रही।

राजस्थान, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, आंतरिक ओडिशा, छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों, विदर्भ, हरियाणा के कुछ भागों, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में लू का प्रभाव जारी रहा।

अगले 24 घंटों के दौरान मौसम की संभावित गतिविधि

अगले 24 घंटे के दौरान, उत्तर-पूर्व बिहार, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम, पश्चिम असम और अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर भारी वर्षा हो सकती है।

पूर्वोत्तर भारत, गंगीय पश्चिम बंगाल, ओडिशा, केरल, लक्षद्वीप, आंतरिक तमिलनाडु, कर्नाटक, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में हल्की से मध्यम बारिश संभव है।

हरियाणा और उत्तर राजस्थान के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां हो सकती हैं।

कोंकण एवं गोवा, दक्षिण मध्य महाराष्ट्र, हिमाचल प्रदेश तथा उत्तराखंड के एक-दो स्थानों पर रात के समय छिटपुट बारिश संभव है।

पश्चिम उत्तर प्रदेश और उत्तर राजस्थान के कुछ भागों में भीषण लू चल सकती है।

राजस्थान, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, आंतरिक ओडिशा, छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों, विदर्भ, हरियाणा के कुछ भागों, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में लू की स्थिति बनी रहने की संभावना है।

किसी भी सूचना या लेख को प्रसारित या प्रकाशित करने पर साभार: skymetweather.com अवश्य लिखें।

author image
Mahesh Palawat
Vice President of Meteorology & Climate Change
Mr. Palawat, Vice President of Meteorology & Climate Change, is a former Air Force boxer and a passionate weather enthusiast. Dedicated to tracking and predicting weather for the benefit of farmers and the general public, he has been an integral part of Skymet since its inception.
FAQ

पूर्वोत्तर भारत, बिहार, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, केरल, कर्नाटक और तमिलनाडु में बारिश हो सकती है।

पश्चिम उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश और विदर्भ में भीषण लू चल सकती है।

28 मई से नया पश्चिमी विक्षोभ उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित कर सकता है।

डिस्क्लेमर: यह जानकारी स्काइमेट की पूर्वानुमान टीम द्वारा किए गए मौसम और जलवायु विश्लेषण पर आधारित है। हम वैज्ञानिक रूप से सही जानकारी देने का प्रयास करते हैं, लेकिन बदलती वायुमंडलीय स्थितियों के कारण मौसम में बदलाव संभव है। यह केवल सूचना के लिए है, इसे पूरी तरह निश्चित भविष्यवाणी न मानें।

Skymet भारत की सबसे बेहतर और सटीक निजी मौसम पूर्वानुमान और जलवायु इंटेलिजेंस कंपनी है, जो देशभर में विश्वसनीय मौसम डेटा, मानसून अपडेट और कृषि जोखिम प्रबंधन समाधान प्रदान करती है