स्पेसX–NASA की बड़ी कामयाबी: Sentinel-6B अब बताएगा समुद्र स्तर कितनी तेज़ी से बढ़ रहा है

By: Arti Kumari | Edited By: Mohini Sharma
Nov 19, 2025, 2:30 PM
WhatsApp icon
thumbnail image

Image: science.nasa.gov

कैलिफ़ोर्निया के वैंडनबर्ग स्पेस फोर्स बेस से नया महासागर निगरानी सैटेलाइट Sentinel-6B सफलतापूर्वक लॉन्च हो गया है। NASA, NOAA और यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी (ESA) के इस संयुक्त मिशन का उद्देश्य समुद्र के बढ़ते स्तर और बदलते महासागरीय पैटर्न की सटीक निगरानी करना है, जो जलवायु परिवर्तन को समझने में बेहद जरूरी है। यह सैटेलाइट 16 नवंबर को रात 9:21 बजे (PST) स्पेसएक्स फाल्कन-9 रॉकेट के जरिए लॉन्च हुआ था। लगभग 90 मिनट बाद सैटेलाइट ने कनाडा के ग्राउंड स्टेशन से संपर्क स्थापित कर लिया और इसकी सभी प्रणालियाँ सामान्य पाई गईं।

Sentinel-6B क्या है?

Sentinel-6B एक पिकअप ट्रक के आकार का सैटेलाइट है, जिसमें छह उन्नत वैज्ञानिक उपकरण लगे हैं। यह दुनिया के 90% महासागरों में समुद्र सतह की ऊँचाई को लगभग एक इंच की सटीकता से माप सकता है। यह सैटेलाइट पृथ्वी के चारों ओर 112 मिनट में एक चक्कर लगाता है और प्रतिदिन लगभग 13 बार पृथ्वी की परिक्रमा करता है। इसकी ऊँचाई 1,336 किमी है और गति 7.2 किमी/सेकंड। यह मिशन Copernicus Sentinel-6/Jason-CS प्रोग्राम का हिस्सा है, जो 1990 के दशक से समुद्र स्तर की निगरानी कर रहा है।

1200630 (5).webp sentinel Nov 18

Image: science.nasa.gov

यह कैसे काम करता है?

Sentinel-6B महासागर की सतह पर माइक्रोवेव सिग्नल भेजकर उनका रडार अल्टीमेट्री से मापन करता है। सिग्नल वापस आने में लगे समय से समुद्र सतह की ऊँचाई का बेहद सटीक अनुमान लगाया जाता है।

इसके मुख्य उपकरण हैं:

• Advanced Microwave Radiometer (AMR): तापमान और आर्द्रता मापता है

• GNSS-RO: वायुमंडलीय दबाव और जलवाष्प के आंकड़े देता है

• Laser Retroreflector Array (LRA): सटीक कक्षा ट्रैकिंग सुनिश्चित करता है

इन सभी उपकरणों की मदद से सैटेलाइट न केवल समुद्र स्तर बल्कि महासागर की गर्मी, लहरें, हवा की गति और मौसम को प्रभावित करने वाली वायुमंडलीय स्थितियों को भी मापता है।

Sentinel-6B क्यों महत्वपूर्ण है?

समुद्र स्तर में वृद्धि जलवायु परिवर्तन का सबसे स्पष्ट संकेत है। बर्फ पिघलने और समुद्र के गर्म होने से समुद्र स्तर लगातार बढ़ रहा है, जिसका प्रभाव तटीय शहरों, बंदरगाहों और समुद्री पारिस्थितिकी पर पड़ता है।

Sentinel-6B इन बदलावों को बेहद सटीक तरीके से मापकर सुधार लाएगा:

• लंबे समय की जलवायु भविष्यवाणियों में

• तूफान और मौसम पूर्वानुमान में

• समुद्री मार्गों की सुरक्षा में

• समुद्री केबलों और पाइपलाइनों की सुरक्षा में

यह सैटेलाइट बाढ़ प्रबंधन, राहत कार्य और तटीय योजना में भी मदद करेगा।

NASA के जलवायु मिशन में इसकी भूमिका

Sentinel-6B, 2020 में लॉन्च किए गए अपने जुड़वां सैटेलाइट Sentinel-6 Michael Freilich का अनुसरण करता है। फिलहाल दोनों एक साथ उड़ान भरेंगे ताकि उनके डेटा का मिलान किया जा सके।

इसके बाद Sentinel-6B दुनिया भर में समुद्र स्तर मापने वाला मुख्य संदर्भ सैटेलाइट बन जाएगा। NASA की विज्ञान निदेशालय प्रमुख निक्की फॉक्स के अनुसार, समुद्र स्तर को “इंच तक की सटीकता” से समझना तूफानी लहरों और तटीय खतरों का अनुमान लगाने के लिए बेहद जरूरी है।

अंतरराष्ट्रीय सहयोग का मजबूत उदाहरण

Sentinel-6B अंतरराष्ट्रीय साझेदारी का शक्तिशाली उदाहरण है। इस मिशन में NASA, NOAA, ESA, EUMETSAT, यूरोपीय संघ का Copernicus प्रोग्राम, फ्रांस की CNES एजेंसी और NASA के Jet Propulsion Laboratory (JPL) शामिल हैं।

ESA की पृथ्वी अवलोकन निदेशक सिमोनेटा चेले के अनुसार, यह मिशन दिखाता है कि वैश्विक जलवायु चुनौतियों से निपटने के लिए देशों और एजेंसियों का एक होना कितना जरूरी है।

आगे क्या?

Sentinel-6B के अंतरिक्ष में पहुंचते ही वैज्ञानिकों को समुद्रों की निगरानी का एक नया, बेहद शक्तिशाली उपकरण मिल गया है। आने वाले वर्षों में यह सैटेलाइट बताएगा कि समुद्र कितनी तेजी से बढ़ रहे हैं और दुनिया के किन हिस्सों पर इसका सबसे ज्यादा असर पड़ेगा। यह डेटा दुनिया भर में लोगों, शहरों, तटीय ढांचे और अर्थव्यवस्थाओं की सुरक्षा के लिए प्रमुख रणनीतियाँ बनाने में सहायता करेगा।

Skymet भारत की सबसे बेहतर और सटीक निजी मौसम पूर्वानुमान और जलवायु इंटेलिजेंस कंपनी है, जो देशभर में विश्वसनीय मौसम डेटा, मानसून अपडेट और कृषि जोखिम प्रबंधन समाधान प्रदान करती है।

author image
Arti Kumari
Content Writer (English)
With a strong foundation in science and a passion for research, Arti specializes in weather and climate communication. At Skymet Weather, she leads the company's digital content strategy, transforming complex meteorological data into clear, engaging narratives. Her research-backed storytelling has helped expand Skymet's digital reach while making weather and climate information accessible to millions of readers across India and beyond.

डिस्क्लेमर: यह जानकारी स्काइमेट की पूर्वानुमान टीम द्वारा किए गए मौसम और जलवायु विश्लेषण पर आधारित है। हम वैज्ञानिक रूप से सही जानकारी देने का प्रयास करते हैं, लेकिन बदलती वायुमंडलीय स्थितियों के कारण मौसम में बदलाव संभव है। यह केवल सूचना के लिए है, इसे पूरी तरह निश्चित भविष्यवाणी न मानें।

Skymet भारत की सबसे बेहतर और सटीक निजी मौसम पूर्वानुमान और जलवायु इंटेलिजेंस कंपनी है, जो देशभर में विश्वसनीय मौसम डेटा, मानसून अपडेट और कृषि जोखिम प्रबंधन समाधान प्रदान करती है

Suggested Resources