दिल्ली में शुष्क और गर्म मौसम, रविवार-सोमवार को धूल भरी आंधी-तूफान और बारिश के आसार, इस दिन आएगा मानसून

By: skymet team | Edited By: skymet team
Jun 12, 2025, 1:00 PM
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दिल्ली में गर्म और शुष्क मौसम लगातार बना हुआ है। अधिकतम तापमान लगातार चौथे दिन 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर बना रहा। सफदरजंग बेस स्टेशन ने अधिकतम तापमान 43.3°C रिकॉर्ड किया, जो पिछले दिन की तुलना में 0.5°C कम रहा। पूरे दिल्ली क्षेत्र में अधिकतम तापमान 41°C से 45°C के बीच दर्ज किया गया, जो सामान्य से 2°C से 4°C तक अधिक था। केवल आयानगर और मुंगेशपुर ही ऐसे दो स्टेशन रहे जहां तापमान 45°C से ऊपर पहुंचा।

तापमान में अचानक बढ़ोतरी की संभावना नहीं

दिल्ली और आसपास के इलाकों में तापमान में अचानक बढ़ोतरी की संभावना नहीं है। हवाओं की दिशा में परिवर्तन के कारण मामूली गिरावट देखी जा सकती है। इससे थोड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।

हरियाणा और दिल्ली के ऊपर चक्रवाती परिसंचरण

दक्षिण हरियाणा और दिल्ली क्षेत्र के ऊपर एक छोटा-सा चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है, जिसे चारों ओर से प्रतिचक्रवातीय (Anticyclonic) घुमाव घेरे हुए है। इस सिस्टम में नमी की आपूर्ति नहीं हो रही है और ऊपरी वायुमंडल से भी कोई खास सहयोग नहीं मिल रहा है, जिससे फिलहाल कोई खास मौसम गतिविधि संभव नहीं है।

पश्चिमी विक्षोभ 14 जून को पहुंचेगा

पश्चिमी विक्षोभ जो मौसम में बदलाव लाने में सहायक होता है, 14 जून को पहाड़ी इलाकों तक पहुंचेगा। पंजाब से लेकर दक्षिण-पश्चिम उत्तर प्रदेश तक फैली पूर्व-पश्चिम ट्रफ रेखा अगले 3–4 दिनों तक दिल्ली के नजदीक बनी रहेगी। यह दिल्ली के मौसम को प्रभावित कर सकती है।

प्री-मानसून गतिविधियों की तैयारी

दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में प्री-मानसून गतिविधियों की शुरुआत के लिए दो तत्त्व अनुकूल हो रहे हैं:

1. पश्चिमी विक्षोभ का आगमन

2. दिल्ली क्षेत्र में पहले से मौजूद चक्रवाती परिसंचरण

ये दोनों तंत्र मिलकर एक साथ काम करेंगे और 15 जून (रविवार) को दिल्ली में धूल भरी आंधी और हल्की बारिश की शुरुआत कर सकते हैं। अगले दिन यानी 16 जून को बारिश और गरज-चमक के साथ तेज़ हवाओं की गतिविधियां और ज़्यादा प्रभावी हो सकती हैं।

मानसून की दस्तक की ओर बढ़ते कदम

यह प्री-मानसून गतिविधियों का यह दौर दिल्ली में मानसून के आगमन की तैयारी का संकेत देगा। बंगाल की खाड़ी के ऊपर 14 जून को बनने वाला नया मानसूनी परिसंचरण ओडिशा, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश होते हुए अगले सप्ताह के अंत तक राजस्थान की सीमा तक पहुंच जाएगा। हालांकि 4–5 दिन से आगे की भविष्यवाणी की सटीकता कम हो जाती है, लेकिन शुरुआती संकेत यही दे रहे हैं कि दिल्ली में मानसून समय पर या उससे पहले पहुंच सकता है।

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डिस्क्लेमर: यह जानकारी स्काइमेट की पूर्वानुमान टीम द्वारा किए गए मौसम और जलवायु विश्लेषण पर आधारित है। हम वैज्ञानिक रूप से सही जानकारी देने का प्रयास करते हैं, लेकिन बदलती वायुमंडलीय स्थितियों के कारण मौसम में बदलाव संभव है। यह केवल सूचना के लिए है, इसे पूरी तरह निश्चित भविष्यवाणी न मानें।

Skymet भारत की सबसे बेहतर और सटीक निजी मौसम पूर्वानुमान और जलवायु इंटेलिजेंस कंपनी है, जो देशभर में विश्वसनीय मौसम डेटा, मानसून अपडेट और कृषि जोखिम प्रबंधन समाधान प्रदान करती है