केरल में अगले चार दिनों तक भारी बारिश का अलर्ट, जानें किन जिलों में सबसे ज्यादा वर्षा का अनुमान
मुख्य मौसम बिंदु
- केरल में 1 से 10 जून के बीच सामान्य से 29% अधिक बारिश दर्ज हुई।
- 12 और 13 जून को भारी से बहुत भारी बारिश देखने को मिल सकती है।
- मध्य और उत्तरी तटीय क्षेत्रों में बाढ़ जैसे हालात बनने की आशंका।
- तेज हवाएं, बिजली गिरने और जलभराव का खतरा भी बना रहेगा।
केरल में दक्षिण-पश्चिम मानसून पूरी तरह सक्रिय बना हुआ है और पिछले दो दिनों से तिरुवनंतपुरम से लेकर कन्नूर और कोझिकोड तक पूरे तटीय क्षेत्र में मध्यम बारिश का दौर जारी है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार आने वाले दिनों में बारिश की तीव्रता और बढ़ेगी तथा 12 और 13 जून 2026 के दौरान इसका चरम देखने को मिल सकता है। राज्य में मानसून की गतिविधियां सामान्य से अधिक सक्रिय हैं। 1 जून से 10 जून 2026 के बीच केरल में सामान्य से 29 प्रतिशत अधिक वर्षा दर्ज की गई है। इस अवधि में राज्य में 182.2 मिमी की सामान्य बारिश के मुकाबले 234.4 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई है। हालांकि मानसून का मौसम अभी लंबा है, क्योंकि जून और जुलाई केरल के सबसे अधिक वर्षा वाले महीने माने जाते हैं। इन दोनों महीनों में औसतन लगभग 650 मिमी बारिश होती है।
अरब सागर से आ रही तेज नमी बढ़ाएगी बारिश, कई जिलों में बाढ़ का खतरा
अरब सागर से आने वाली मजबूत मानसूनी पश्चिमी हवाएं लगातार केरल तट से टकरा रही हैं। वहीं दक्षिणी प्रायद्वीप के आंतरिक हिस्सों में सक्रिय उत्तर-दक्षिण ट्रफ के साथ इन हवाओं का संगम हो रहा है। इस मौसमीय स्थिति के कारण केरल के अधिकांश तटीय और आंतरिक इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना बन रही है। तिरुवनंतपुरम, कोल्लम, अलाप्पुझा, कोच्चि, थालास्सेरी, कन्नूर, वायनाड, कासरगोड और कुदुलु सहित कई क्षेत्रों में भारी वर्षा का खतरा बना हुआ है। विशेष रूप से मध्य और उत्तरी तटीय क्षेत्रों में इतनी अधिक बारिश हो सकती है कि स्थानीय स्तर पर बाढ़ जैसे हालात पैदा हो जाएं।
बिजली गिरने और तेज हवाओं का भी खतरा, अगले सप्ताह मिल सकती है राहत
भारी बारिश के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की घटनाएं भी बढ़ सकती हैं। खासकर देर शाम और रात के समय आकाशीय बिजली का खतरा अधिक रहेगा। इसके अलावा तेज हवाएं मौसम को और अधिक खराब बना सकती हैं। लगातार बारिश के कारण राज्य की नदियां, झीलें, तालाब और अन्य जलाशय उफान पर आ सकते हैं तथा कई स्थानों पर जलभराव की समस्या देखने को मिल सकती है। मौसम में कुछ सुधार अगले सप्ताह की शुरुआत से होने की संभावना है। हालांकि इसके बावजूद राज्य के अधिकांश हिस्सों में मध्यम बारिश जारी रहेगी और कुछ स्थानों पर भारी बारिश के दौर देखने को मिलते रहेंगे।






