दिल्ली में मानसून की एंट्री, वीकेंड तक हल्की बारिश, फिर अगले 7 दिन मूसलाधार बरसात की संभावना

By: AVM GP Sharma | Edited By: Mohini Sharma
Jul 2, 2026, 2:30 PM
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दिल्ली मानसून अपडेट, फोटो: AI-Generated

दिल्ली में लंबे इंतजार के बाद आखिरकार दक्षिण-पश्चिम मानसून ने दस्तक दे दी है। इस बार मानसून अपने तय समय 27 जून की बजाय लगभग 5 दिन की देरी से दिल्ली पहुंचा। हालांकि इसकी शुरुआत हल्की बारिश के साथ हुई है। दिल्ली के अधिकांश मौसम केंद्रों पर हल्की वर्षा दर्ज की गई। सफदरजंग मौसम केंद्र में 8 मिमी और पालम में 1 मिमी बारिश रिकॉर्ड हुई। मानसून की एंट्री के साथ ही अधिकतम और न्यूनतम तापमान सामान्य से 4 से 5 डिग्री सेल्सियस नीचे पहुंच गया है। आने वाले कुछ दिनों में तापमान में और गिरावट होने की संभावना है, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी।

बंगाल की खाड़ी की मौसम प्रणालियां बढ़ाएंगी बारिश

दिल्ली में मानसून की शुरुआत फिलहाल शांत और धीमी रही है। उत्तर पंजाब और उत्तर बंगाल की खाड़ी के ऊपर बने चक्रवाती परिसंचरणों (साइक्लोनिक सर्कुलेशन) को जोड़ने वाली पूर्व-पश्चिम ट्रफ दिल्ली के करीब बनी हुई है। यही मौसम प्रणाली फिलहाल राजधानी के मौसम को प्रभावित कर रही है। जैसे ही बंगाल की खाड़ी में कम दबाव का क्षेत्र बनेगा और धीरे-धीरे उत्तर भारत की ओर बढ़ेगा, यह ट्रफ और अधिक मजबूत हो जाएगी। इसके प्रभाव से दिल्ली और आसपास के इलाकों में बारिश का दायरा और तीव्रता दोनों बढ़ने की संभावना है। 4 जुलाई तक अधिकांश स्थानों पर हल्की बारिश होने का अनुमान है। इसके बाद 5 जुलाई से 8 जुलाई के बीच मध्यम बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। इस दौरान मानसून की गतिविधियां पहले के मुकाबले अधिक सक्रिय रहने की संभावना है।

जुलाई के पहले 10 दिन रह सकते हैं बारिश वाले, उमस भी बढ़ेगी

बारिश बढ़ने के साथ दिन और रात, दोनों के तापमान में और गिरावट आने की संभावना है। हालांकि बारिश के बाद धूप निकलने पर हवा में नमी बढ़ेगी, जिससे दिन के समय उमस महसूस हो सकती है। वहीं रात का मौसम पहले की तुलना में अधिक सुहावना और आरामदायक रहने की उम्मीद है। दिल्ली में जुलाई और अगस्त मानसून के सबसे अधिक बारिश वाले महीने माने जाते हैं। जून की शुरुआत बारिश के लिहाज से निराशाजनक रही थी, लेकिन अब उम्मीद है कि जुलाई के पहले दस दिनों में अच्छी बारिश देखने को मिलेगी और मानसून रफ्तार पकड़ेगा। पिछले लगातार छह वर्षों से दिल्ली में जुलाई महीने में सामान्य से अधिक बारिश दर्ज की गई है। इसमें वर्ष 2023 का एल-नीनो वर्ष भी शामिल है। दिल्ली में जुलाई महीने की सामान्य वर्षा 195.8 मिमी मानी जाती है, और इस बार भी औसत के आसपास या उससे बेहतर बारिश की संभावना जताई जा रही है।

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AVM GP Sharma
President of Meteorology & Climate Change
AVM Sharma, President of Meteorology & Climate Change at Skymet Weather Services, is a retired Indian Air Force officer who previously led the Meteorological Branch at Air Headquarters in New Delhi. With over a decade of experience at Skymet, he brings a wealth of knowledge and expertise to the organization.
FAQ

दक्षिण-पश्चिम मानसून 27 जून की निर्धारित तिथि से लगभग 5 दिन की देरी से दिल्ली पहुंचा।

5 जुलाई से 8 जुलाई 2026 के बीच मध्यम बारिश और गरज-चमक के साथ अच्छी वर्षा होने की संभावना है।

हां, बारिश के बावजूद दिन में धूप निकलने पर नमी बढ़ने से उमस महसूस हो सकती है, जबकि रातें अपेक्षाकृत अधिक सुहावनी रहेंगी।

डिस्क्लेमर: यह जानकारी स्काइमेट की पूर्वानुमान टीम द्वारा किए गए मौसम और जलवायु विश्लेषण पर आधारित है। हम वैज्ञानिक रूप से सही जानकारी देने का प्रयास करते हैं, लेकिन बदलती वायुमंडलीय स्थितियों के कारण मौसम में बदलाव संभव है। यह केवल सूचना के लिए है, इसे पूरी तरह निश्चित भविष्यवाणी न मानें।

Skymet भारत की सबसे बेहतर और सटीक निजी मौसम पूर्वानुमान और जलवायु इंटेलिजेंस कंपनी है, जो देशभर में विश्वसनीय मौसम डेटा, मानसून अपडेट और कृषि जोखिम प्रबंधन समाधान प्रदान करती है

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