मानसून ने पकड़ी रफ्तार, दिल्ली में कम हुआ बारिश का अंतर, अगले कुछ दिन रहेंगी रिमझिम बौछारें

By: skymet team | Edited By: skymet team
Jul 14, 2025, 1:00 PM
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मानसून की भारी बारिश, फोटो: The Indian Express

दिल्ली और उसके आसपास के क्षेत्रों में कल यानी 13 जुलाई की शाम को तेज बारिश हुई। तेज बौछारों के साथ आँधी और बादलों की गर्जना भी देखने को मिली। आज 14 जुलाई की सुबह भी कुछ इलाकों में हल्की बारिश जारी रही, लेकिन दिन आगे बढ़ने के साथ इसमें कमी आने की संभावना है। वहीं, दिल्ली के बेस स्टेशन सफदरजंग में पिछले 24 घंटों में 16 मिमी वर्षा रिकॉर्ड हुई है। बता दें, इससे पिछले दिन यानी 12 जुलाई को भी लगभग इतनी ही बारिश हुई थी। हवाई अड्डे की पालम ऑब्जर्वेटरी में 9 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। वहीं, दिल्ली के अधिकतर वेधशालाओं में 20 मिमी से कम वर्षा दर्ज हुई है।

कम बारिश के कारण घाटे में था दिल्ली का मानसून

जुलाई महीने में बारिश की कमी के कारण दिल्ली को पहले ‘घाटा’ (deficit) श्रेणी में रखा गया था। अधिकांश क्षेत्रों में बारिश की कमी 20% से भी अधिक रही थी। लेकिन पिछले 2-3 दिनों में हुई अच्छी बारिश की वजह से यह घाटा कम हुआ है और अब राजधानी 'सामान्य' (normal) श्रेणी में आ गई है।

1 जून से 13 जुलाई के बीच दिल्ली में कुल 120.6 मिमी बारिश हुई है, जबकि सामान्य औसत 134.6 मिमी होती है- यानी 10% की कमी अभी भी है। इस मौसम में दिल्ली में बारिश का वितरण बहुत ही असमान रहा है। उत्तर, उत्तर-पश्चिम, पूर्वी और दक्षिणी दिल्ली अब भी ‘घाटा’ श्रेणी में हैं, सिर्फ दक्षिण-पश्चिम दिल्ली में 54% अधिशेष (surplus) बारिश हुई है। बाकी जिलों में वर्षा सामान्य औसत के ±10% के भीतर है। इस सप्ताह दिल्ली में बारिश के ज्यादा बढ़ने की संभावना नहीं है।

दिल्ली के मौसम को प्रभावित कर रही तीन मौसम प्रणालियाँ

वर्तमान में तीन प्रमुख मौसम प्रणालियाँ दिल्ली के मौसम को प्रभावित कर रही हैं। जिसमें पहली पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) है, जो उत्तरी पर्वतीय क्षेत्रों में ऊपरी हवा की ट्रफ (trough) के रूप में सक्रिय है। दसूरी मौसम प्रणाली पूर्वी राजस्थान व मध्य प्रदेश पर बना चक्रवाती परिसंचरण है। एक निम्न दबाव क्षेत्र (Low Pressure Area) पूर्वी राजस्थान और मध्य प्रदेश के मध्य भागों में बना हुआ है। वहीं, तीसरी मौसम प्रणाली मानसून ट्रफ की स्थिति है। इस चक्रवाती परिसंचरण के प्रभाव से मानसून ट्रफ अपनी सामान्य स्थिति से दक्षिण की ओर खिसक गई है और वर्तमान में यह दिल्ली से काफी नीचे गुजर रहा है। यह स्थिति आज 14 जुलाई और कल 15 जुलाई तक बनी रह सकती है। इस दौरान दिल्ली में बारिश हल्की और छिटपुट बारिश होने की संभावना है।

16 और 17 जुलाई को तीव्र बारिश फिर मौसम शांत मौसम

जैसे-जैसे निम्न दबाव प्रणाली उत्तर-पश्चिम दिशा की ओर बढ़ेगी, मानसून ट्रफ भी उत्तर की ओर खिसकेगा और 16 तथा 17 जुलाई को यह दिल्ली के बहुत पास से गुजरेगा। इसके चलते इन दोनों दिनों में बारिश की तीव्रता और फैलाव दोनों ही बढ़ेंगे। जब यह निम्न दबाव प्रणाली उत्तर पश्चिम राजस्थान में जाकर कमजोर हो जाएगी, तब मानसून ट्रफ दिल्ली से उत्तर की ओर चली जाएगी। ऐसे में 19 और 20 जुलाई को दिल्ली में मौसम गतिविधियाँ (बारिश) बहुत कम रहेंगी।

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डिस्क्लेमर: यह जानकारी स्काइमेट की पूर्वानुमान टीम द्वारा किए गए मौसम और जलवायु विश्लेषण पर आधारित है। हम वैज्ञानिक रूप से सही जानकारी देने का प्रयास करते हैं, लेकिन बदलती वायुमंडलीय स्थितियों के कारण मौसम में बदलाव संभव है। यह केवल सूचना के लिए है, इसे पूरी तरह निश्चित भविष्यवाणी न मानें।

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