Delhi Weather: दिल्ली में प्री-मानसून की पहली बारिश, तापमान गिरा, अभी और बरसेंगे बादल

By: AVM GP Sharma | Edited By: Mohini Sharma
Mar 16, 2026, 12:25 PM
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दिल्ली-एनसीआर बारिश अपडेट, फोटो: ANI

मुख्य मौसम बिंदु

  • दिल्ली-NCR में प्री-मानसून सीजन की पहली बारिश हुई।
  • सफदरजंग वेधशाला में 1.2 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई।
  • बारिश के कारण तापमान में हल्की गिरावट और अधिकतम तापमान 33°C के आसपास।
  • 19 और 20 मार्च को गरज-चमक के साथ एक और बारिश का दौर संभव है।

जैसा अनुमान लगाया गया था, दिल्ली-एनसीआर में प्री-मानसून सीजन की पहली बारिश हुई। हालांकि, बारिश बहुत तेज नहीं थी, लेकिन इसका फैलाव काफी बड़ा था। क्योंकि दिल्ली के साथ-साथ नोएडा, गाजियाबाद, फरीदाबाद और गुरुग्राम में भी बारिश हुई। दरअसल, रविवार 15 मार्च की सुबह से ही पूरे उत्तरी मैदानी इलाकों में बारिश की गतिविधियाँ शुरू हो गई थीं, जो दिन के देर तक जारी रहीं। वहीं, दिल्ली-एनसीआर में बारिश दोपहर तक जारी रही थी, इसके बाद मौसम में धीरे-धीरे सुधार देखने को मिला। स्काईमेट के अनुसार दिल्ली-एनसीआर में इस सप्ताह के दौरान और बारिश होने की संभावना है।

मार्च में अब तक बारिश और पिछले वर्षों का रिकॉर्ड

दिल्ली के सफदरजंग बेस स्टेशन पर 15 मार्च को हुई बारिश के दौरान कुल 1.2 मिमी वर्षा दर्ज की गई। जबकि मार्च महीने की सामान्य औसत बारिश 19.1 मिमी होती है। गौरतलब है, पिछले पाँच सालों में दिल्ली में केवल एक बार मार्च 2023 में सामान्य से ज्यादा बारिश हुई थी, तब कुल 53.2 मिमी वर्षा दर्ज की गई थी। वहीं, इसके विपरीत मार्च 2022 में एक भी बूंद बारिश नहीं हुई थी। पिछले साल मार्च 2025 में 1.8 मिमी बारिश दर्ज हुई थी, जबकि उससे एक साल पहले 2024 में यह आंकड़ा 4.3 मिमी था। इस बार मौसम विशेषज्ञों का अनुमान है कि अगले एक सप्ताह में प्री-मानसून की दो बार बारिश हो सकती है।

बारिश से तापमान में गिरावट

दिल्ली-एनसीआर में 15 मार्च को हुई बारिश के कारण दिन के तापमान में कुछ गिरावट हुई है। इससे पहले एक सप्ताह से अधिक समय तक तापमान सामान्य से काफी ऊपर बना हुआ था। मार्च के पहले आधे हिस्से में(शुरुआती दिन) अधिकतम तापमान लगातार सामान्य से ज्यादा रहा था। 7 से 12 मार्च 2025 के बीच लगातार छह दिनों तक तापमान 35°C से ऊपर रहा। बता दें, इस दौरान सबसे अधिक तापमान 11 मार्च 2025 को 36.8°C दर्ज हुआ था। हालांकि कल 15 मार्च को अधिकतम तापमान 30.1°C दर्ज किया गया, जो इस महीने का सबसे कम तापमान है, फिर भी यह सामान्य से 1.2°C अधिक रहा। अनुमान है कि इस सप्ताह तापमान में अचानक तेज बढ़ोतरी नहीं होगी और अधिकतम तापमान 33°C या उससे नीचे ही रह सकता है।

अगले दिनों में फिर सक्रिय होगा मौसम

फिलहाल पश्चिमी विक्षोभ उत्तरी पहाड़ों के ऊपर से गुजर रहा है, लेकिन दिल्ली में 18 मार्च 2026 तक प्री-मानसून की गतिविधियाँ नहीं होंगी। इसके बाद एक और नया पश्चिमी विक्षोभ देर रात तक उत्तर-पश्चिम भारत में पहुंच सकता है। इसके प्रभाव से एक प्रेरित चक्रवाती परिसंचरण राजस्थान के ऊपर बनने की संभावना है, जो अगले दो दिनों में पूर्व की ओर खिसक जाएगा। इसके साथ ही 19 से 21 मार्च के बीच दिल्ली के आसपास पूर्व-पश्चिम दिशा में एक ट्रफ रेखा भी बनेगी। इसके कारण दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में 19 और 20 मार्च को गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना अधिक रहेगी। जिसका हल्का असर 21 मार्च तक भी रह सकता है, लेकिन उस दिन मौसम जल्दी साफ होने की उम्मीद है। 22 मार्च (रविवार) से मौसम में सुधार देखने को मिल सकता है, हालांकि अगले सप्ताह भी कुछ मौसम गतिविधियाँ फिर देखने को मिल सकती हैं।

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AVM GP Sharma
President of Meteorology & Climate Change
AVM Sharma, President of Meteorology & Climate Change at Skymet Weather Services, is a retired Indian Air Force officer who previously led the Meteorological Branch at Air Headquarters in New Delhi. With over a decade of experience at Skymet, he brings a wealth of knowledge and expertise to the organization.
FAQ

दिल्ली और एनसीआर में 19 और 20 मार्च को गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है।

हाँ, बारिश के कारण अधिकतम तापमान लगभग 33°C या उससे नीचे रह सकता है।

मार्च महीने में दिल्ली में सामान्य रूप से लगभग 19.1 मिमी बारिश दर्ज की जाती है।

डिस्क्लेमर: यह जानकारी स्काइमेट की पूर्वानुमान टीम द्वारा किए गए मौसम और जलवायु विश्लेषण पर आधारित है। हम वैज्ञानिक रूप से सही जानकारी देने का प्रयास करते हैं, लेकिन बदलती वायुमंडलीय स्थितियों के कारण मौसम में बदलाव संभव है। यह केवल सूचना के लिए है, इसे पूरी तरह निश्चित भविष्यवाणी न मानें।

Skymet भारत की सबसे बेहतर और सटीक निजी मौसम पूर्वानुमान और जलवायु इंटेलिजेंस कंपनी है, जो देशभर में विश्वसनीय मौसम डेटा, मानसून अपडेट और कृषि जोखिम प्रबंधन समाधान प्रदान करती है