दिल्ली में बढ़ा पारा, इस साल का सबसे ज्यादा तापमान दर्ज; जल्द 35°C पार होने की संभावना
मुख्य मौसम बिंदु
- दिल्ली में इस साल का अब तक का सबसे ज्यादा तापमान 33.2°C दर्ज।
- पिछले 10 दिनों से अधिकतम तापमान 30°C से ऊपर बना हुआ है।
- आने वाले 3–4 दिनों में तापमान 35°C पार करने की संभावना।
- पहाड़ों पर पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय, लेकिन दिल्ली पर असर सीमित।
दिल्ली में इस साल अब तक का सबसे अधिक तापमान दर्ज किया गया है। सर्दियों के मौसम का अंत 28 फरवरी 2026 को 32.5°C के अधिकतम तापमान के साथ हुआ। दिल्ली के बेस स्टेशन सफदरजंग में कल 4 फरवरी को अधिकतम तापमान 33.2°C रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से लगभग 6°C अधिक है। पिछले लगातार दस दिनों से दिन का तापमान 30°C से ऊपर बना हुआ है। वहीं रात के तापमान में भी बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। आज सुबह न्यूनतम तापमान 18.2°C दर्ज किया गया, जो इस साल अब तक का सबसे ज्यादा न्यूनतम तापमान है। आज तापमान और बढ़ने की संभावना है और यह इस मौसम में पहली बार 34°C तक पहुंच सकता है।
तेज हवाओं के कारण अभी नहीं बढ़ रहा तापमान तेजी से
पिछले कुछ दिनों से चल रही तेज सतही हवाओं के कारण दिन के तापमान में अचानक बढ़ोतरी नहीं हो पा रही है। आज भी दिल्ली में तेज हवाएं चलने की संभावना है, जिससे तापमान में तेज उछाल नहीं आएगा। अनुमान है कि आज अधिकतम तापमान 35°C से नीचे ही रहेगा। हालांकि कल से उत्तर-पश्चिमी हवाओं की रफ्तार धीमी होने लगेगी, जिससे गर्मी धीरे-धीरे बढ़ने की संभावना है। खासतौर पर आने वाले वीकेंड पर गर्मी का असर और ज्यादा महसूस हो सकता है।
पहाड़ों पर सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ, लेकिन मैदानी इलाकों पर असर कम
इस समय पहाड़ी इलाकों में एक पश्चिमी विक्षोभ ऊपरी हवा के रूप में सक्रिय है। यह सिस्टम काफी कमजोर है, इसलिए मैदानी क्षेत्रों पर इसका खास प्रभाव नहीं पड़ेगा। इसके असर से जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश के ऊंचे इलाकों में हल्की और बिखरी हुई बारिश तथा बर्फबारी हो सकती है। इसके बाद 9 मार्च को एक और पश्चिमी विक्षोभ आने की संभावना है। यह सिस्टम मध्य एशिया से आने वाले अन्य सिस्टमों की मदद से मौसम की गतिविधियों को कुछ समय तक जारी रख सकता है।
मार्च के दूसरे सप्ताह के बाद बढ़ सकती है गर्मी
इन मौसम प्रणालियों के कारण बची हुई हल्की मौसम गतिविधियां 13 से 15 मार्च 2026 के बीच पहाड़ी तलहटी वाले इलाकों तक पहुंच सकती हैं। हालांकि दिल्ली इस सिस्टम के बाहरी हिस्से में ही रहेगी, इसलिए यहां बारिश की संभावना बहुत कम है। प्री-मानसून की शुरुआती गतिविधियां मार्च के दूसरे हिस्से में ही शुरू होने की संभावना है। कल से सतह और निचले स्तर की हवाएं धीमी होने लगेंगी, जिससे तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होगी। अगले 3–4 दिनों में तापमान 35°C के पार जा सकता है। आमतौर पर मार्च के दूसरे हिस्से में तापमान 38°C तक पहुंच जाता है और कभी-कभी 40°C भी पार कर जाता है। ऐसा ही 30 मार्च 2021 को हुआ था। वहीं मार्च महीने का अब तक का सबसे अधिक तापमान 31 मार्च 1945 को 40.6°C दर्ज किया गया था।







