मानसून फिर पकड़ेगा रफ्तार, वीकेंड तक उत्तर, पश्चिम और मध्य भारत से होगी विदाई

By: AVM GP Sharma | Edited By: Mohini Sharma
Oct 1, 2026, 6:30 PM
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मानसून 2026 की विदाई में तेजी

दक्षिण-पश्चिम मानसून ने 19 सितंबर 2026 से वापसी शुरू की थी, जो सामान्य समय से करीब दो दिन देरी से हुई। अब तक मानसून राजस्थान के अधिकांश हिस्सों, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और पश्चिमी उत्तर प्रदेश तथा गुजरात के कुछ हिस्सों से विदा हो चुका है। फिलहाल मानसून की वापसी की रेखा गुरदासपुर, चंडीगढ़, मुजफ्फरनगर, अलीगढ़, धौलपुर, डीसा और नलिया से होकर गुजर रही है। हालांकि, पिछले एक सप्ताह से अधिक समय से मानसून की आगे की वापसी रुकी हुई है। अब मौसम परिस्थितियां इसके पश्चिमी, मध्य और पूर्वी हिस्सों से आगे बढ़ने के लिए अनुकूल बन रही हैं।

गुजरात, मध्य प्रदेश और पहाड़ी राज्यों से मानसून की विदाई जल्द

राजस्थान और उससे सटे मध्य प्रदेश के ऊपर एंटी-साइक्लोन यानी ऊपरी वायुमंडल में हवा के घूमने की विपरीत दिशा वाली प्रणाली अच्छी तरह स्थापित हो गई है। इसके प्रभाव से इन क्षेत्रों में आसमान साफ है और पश्चिमी तथा मध्य भारत में नमी का स्तर काफी कम हुआ है। ये दोनों स्थितियां मानसून की वापसी के लिए अनुकूल मानी जाती हैं। अनुमान है कि इस सप्ताह के अंत तक गुजरात के अधिकांश हिस्सों, मध्य प्रदेश, उत्तर भारत के सभी पहाड़ी राज्यों और बिहार, झारखंड तथा महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों से मानसून की वापसी हो सकती है। वहीं कोंकण क्षेत्र, जिसमें मुंबई भी शामिल है, से मानसून की विदाई अक्टूबर के पहले सप्ताह तक होने की संभावना है।

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मानसून विदा होगा, लेकिन बारिश पूरी तरह खत्म नहीं होगी

मानसून की वापसी का मतलब यह नहीं है कि इसके बाद देश में बारिश पूरी तरह बंद हो जाएगी। अगले सप्ताह के मध्य में एक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ उत्तर भारत की ओर बढ़ सकता है। इसके प्रभाव से 6 अक्टूबर 2026 को पंजाब और हरियाणा की तलहटी के साथ-साथ उत्तर भारत के पहाड़ी इलाकों में बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। 7 और 8 अक्टूबर को मौसम गतिविधियों का दायरा बढ़कर पंजाब, हरियाणा और उत्तर राजस्थान के मैदानी हिस्सों तक पहुंच सकता है। इसके बाद 9 और 10 अक्टूबर को बारिश की तीव्रता और इसका क्षेत्र और बढ़ने की संभावना है। दिल्ली में 8 से 10 अक्टूबर के बीच छिटपुट बारिश हो सकती है। यह बारिश का दौर उत्तर भारत के पहाड़ों और मैदानी इलाकों में सर्दियों जैसे मौसम की शुरुआत का माहौल तैयार कर सकता है।

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AVM GP Sharma
President of Meteorology & Climate Change
AVM Sharma, President of Meteorology & Climate Change at Skymet Weather Services, is a retired Indian Air Force officer who previously led the Meteorological Branch at Air Headquarters in New Delhi. With over a decade of experience at Skymet, he brings a wealth of knowledge and expertise to the organization.
FAQ

दक्षिण-पश्चिम मानसून ने 19 सितंबर 2026 से वापसी शुरू की थी, जो सामान्य समय से करीब दो दिन देरी से थी।

कोंकण क्षेत्र और मुंबई से मानसून की वापसी अक्टूबर के पहले सप्ताह तक होने की संभावना है।

दिल्ली में 8 से 10 अक्टूबर 2026 के बीच पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से छिटपुट बारिश होने की संभावना है।

डिस्क्लेमर: डिस्कलेमर- यह विश्लेषण स्काइमेट के मौसम संबंधी आंकड़ों, आंतरिक पूर्वानुमान मॉडल, मौसम केंद्रों से प्राप्त जानकारी, जलवायु संबंधी डेटा और स्काइमेट की मौसम विशेषज्ञ टीम के आकलन पर आधारित है। सटीक जानकारी देने का पूरा प्रयास किया गया है, लेकिन मौसम लगातार बदलने वाली प्राकृतिक प्रक्रिया है, इसलिए परिस्थितियां समय के साथ बदल सकती हैं। यह जानकारी केवल सामान्य सूचना के उद्देश्य से दी गई है और इसे अंतिम या पूरी तरह निश्चित मौसम पूर्वानुमान नहीं माना जाना चाहिए।

Skymet भारत की सबसे बेहतर और सटीक निजी मौसम पूर्वानुमान और जलवायु इंटेलिजेंस कंपनी है, जो देशभर में विश्वसनीय मौसम डेटा, मानसून अपडेट और कृषि जोखिम प्रबंधन समाधान प्रदान करती है