दिल्ली में पांच वर्षों में सबसे ठंडा नवंबर, दिसंबर की शुरुआत भी सर्द हवाओं संग
मुख्य मौसम बिंदु
- नवंबर 2025 का औसत न्यूनतम तापमान 11.4°C, पांच सालों में सबसे कम।
- 10 दिनों तक तापमान 10°C से नीचे रहा, न्यूनतम 8°C दर्ज।
- नवंबर में कोई ठंड लहर नहीं बनी, महीना पूरी तरह शुष्क रहा
- दिसंबर की शुरुआत शीतलहर के साथ, सफदरजंग में 5.7°C रिकॉर्ड।
दिल्ली में नवंबर 2025, पिछले पाँच सालों में सबसे ठंडा नवंबर रहा है। पूरे महीने का औसत न्यूनतम तापमान 11.4°C दर्ज किया गया, जबकि सामान्य औसत 13°C होता है। इस महीने 10 दिनों में न्यूनतम तापमान 10°C से नीचे (सिंगल डिजिट) रहा। महीने का सबसे कम तापमान 8.0°C 26 नवंबर 2025 को दर्ज किया गया। 1 नवंबर को सबसे अधिक न्यूनतम तापमान 19.4°C के साथ महीने की शुरुआत हुई थी, और कल यानी 30 नवंबर को 8.3°C के न्यूनतम तापमान के साथ नवंबर महीने का अंत हुआ।

पिछले वर्षों की तुलना – नवंबर 2025 क्यों खास रहा
पिछले चार वर्षों में दिल्ली का औसत न्यूनतम तापमान साल 2024 में 14.7°C, 2023 में 13°C, 2022 में 12.3°C और 2021 में 11.9°C रिकॉर्ड हुआ था। नवंबर 2020 में औसत न्यूनतम तापमान 10.3°C था और सबसे ठंडा तापमान 6.3°C, 23 नवंबर 2020 को रिकॉर्ड किया गया था। नवंबर 2025 पूरी तरह शुष्क (Dry) रहा, यानी कोई बारिश नहीं हुई। इससे यह महीना 2011, 2014, 2016, 2017, 2021, 2022 और 2024 की तरह पूरी तरह सूखे नवंबर वाले वर्षों की सूची में शामिल हो गया है।

क्यों नहीं बनी ठंड लहर की स्थिति नवंबर 2025 में
नवंबर 2025 में किसी भी दिन कोल्ड वेव (Cold Wave) घोषित नहीं की गई। कोल्ड वेव घोषित करने के लिए दो शर्तें जरूरी होती हैं। जिसमें पहली होती है, न्यूनतम तापमान 10°C से नीचे और सामान्य से 4.5°C से अधिक कम होना चाहिए। दूसरी स्थिति में, न्यूनतम तापमान 4°C या उससे कम होना चाहिए। इन दोनों में से कोई भी स्थिति नवंबर 2025 में लगातार दूसरे दिन पूरी नहीं हुई, इसलिए कोल्ड वेव की घोषणा नहीं की गई।
दिसंबर की शुरुआत ठंड लहर के साथ
दिसंबर की शुरुआत शीतलहर (Cold Wave) के साथ हुई है। दिल्ली के बेस स्टेशन सफदरजंग में न्यूनतम तापमान 5.7°C रिकॉर्ड हुआ, जो सामान्य से 4.6°C कम है। यह इस सीजन का अब तक का सबसे कम तापमान भी है। तकनीकी रूप से देखें तो यह तापमान शीतलहर चलने की की परिभाषा को पूरा करता है।
ठंड क्यों नहीं बढ़ेगी आगे? – पश्चिमी विक्षोभ का असर
हालाँकि तापमान में तेज गिरावट आने की संभावना नहीं है, क्योंकि उत्तरी पर्वतीय क्षेत्रों से होकर एक पश्चिमी विक्षोभ गुजर रहा है। इस दौरान बादल छाए रहने से गर्मी का विकिरण कम होता है, जिससे मैदानी इलाकों विशेषकर दिल्ली में तापमान और नीचे नहीं गिरता। इसके बावजूद, इस हफ्ते दिल्ली का न्यूनतम तापमान सिंगल डिजिट में ही बना रहने की संभावना है।
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