Delhi Weather: गर्मी बढ़ी लेकिन लू नहीं, जानिए क्यों टला दिल्ली हीटवेव अलर्ट

By: Skymet team | Edited By:
Apr 16, 2025, 2:15 PM
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दिल्ली हीटवेव अलर्ट टला, फोटो: The Indian Express

दिल्ली और एनसीआर में 16 से 18 अप्रैल 2025 के बीच हीटवेव की चेतावनी दी गई थी, जिसे अब वापस ले लिया गया है। बीते दो दिनों से तापमान में बढ़ोतरी हो रही है और यह सामान्य से 2-3 डिग्री सेल्सियस अधिक बना हुआ है। सफदरजंग वेधशाला में कल(15 अप्रैल) को अधिकतम तापमान 37.9°C दर्ज किया गया, जबकि एयरपोर्ट वेधशाल पर 36.7°C रहा, दोनों ही जगहों पर तापमान सामान्य से लगभग 2 डिग्री ऊपर हैं। हालांकि तापमान आगे और बढ़ सकता है, लेकिन यह हीटवेव की श्रेणी में नहीं आएगा।

हीटवेव और भीषण हीटवेव की परिभाषा

हीट वेव तब घोषित की जाती है जब अधिकतम तापमान कम से कम 40°C हो और सामान्य से 4.5°C या उससे अधिक ऊपर चला जाए, तब उसे हीटवेव कहा जाता है। यदि यह अंतर 6.5°C या उससे अधिक हो जाए, तो इसे भीषण हीटवेव (Severe Heatwave) माना जाता है। जब अधिकतम तापमान 45°C या उससे अधिक हो जाता है, तब भीषण हीटवेव मानी जाती है।

पहले आ चुका है हीटवेव का दौर

इससे पहले दिल्ली में 07 से 09 अप्रैल 2025 के बीच लगातार तीन दिनों तक हीटवेव की स्थिति बनी थी। इस दौरान तापमान 40°C से ऊपर रहा था और 08 अप्रैल को अधिकतम तापमान 41°C दर्ज किया गया था। ये तापमान सामान्य से 5°–6°C अधिक थे, इसलिए यह हीटवेव की श्रेणी में आए थे।

आने वाले दिनों में तापमान 40°C पार कर सकता है

17 से 20 अप्रैल के बीच दिल्ली में तापमान 40°C या उससे अधिक तक पहुँच सकता है। 18 अप्रैल को तापमान 41°C पार करने की भी संभावना है। आज भी तापमान 40°C के करीब पहुँच सकता है। लेकिन इतने तापमान के बाद भी यह जरूरी नहीं है कि हीटवेव घोषित हो, क्योंकि हीटवेव की स्थिति के लिए जो मानक जरूरी होते हैं वो पूरे नहीं हो रहे हैं।

हीटवेव न घोषित करने का कारण

अप्रैल की शुरुआत में दिल्ली का सामान्य अधिकतम तापमान लगभग 34°C होता है, जो 07 अप्रैल तक 35°C हो जाता है। ऐसे में जब तापमान 40°C तक पहुँचता है, तो यह सामान्य से 4.5°C अधिक हो जाता है और हीटवेव मानी जाती है। लेकिन जैसे-जैसे अप्रैल आगे बढ़ता है, सामान्य तापमान भी बढ़ता है। 20 अप्रैल तक तापमान 37°C और 26 अप्रैल तक 38°C हो जाता है। ऐसे में तापमान को हीटवेव माने जाने के लिए क्रमशः 42°C और 43°C तक पहुँचना ज़रूरी होता है।

पश्चिमी विक्षोभ का असर

18 से 20 अप्रैल के बीच उत्तरी पहाड़ियों में एक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ आने वाला है। इस दौरान जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में गरज-चमक के साथ भारी बारिश होगी। इसके साथ ही ऊंचे इलाकों में बर्फबारी और ओलावृष्टि भी होने के आसार हैं। यह भारी मौसम गतिविधियां मैदानी इलाकों में तापमान को कम करने में मदद करेंगी। हालांकि मैदानी क्षेत्रों में कोई विशेष मौसम गतिविधि नहीं होगी।

दिल्ली पर इसका असर

पश्चिमी विक्षोभ और मैदानों में बने चक्रवाती परिसंचरण के संयुक्त प्रभाव से दिल्ली के पास एक पूर्व-पश्चिम ट्रफ बन सकता है। इससे तापमान 40°C से ऊपर तो जाएगा, लेकिन 42°C या उससे अधिक नहीं पहुंचेगा, जो कि हीटवेव घोषित करने के लिए आवश्यक है। इसलिए, दिल्ली के लिए जारी हीटवेव अलर्ट फिलहाल के लिए स्थगित कर दिया गया है।

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Skymet team

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