[Hindi] सम्पूर्ण भारत का 30 जनवरी, 2026 का मौसम पूर्वानुमान

By: Mahesh Palawat | Edited By: Mohini Sharma
Jan 30, 2026, 12:25 PM
WhatsApp icon
thumbnail image

अगले 24 घंटे का मौसम पूर्वानुमान

देश भर में मौसम प्रणाली:

एक पश्चिमी विक्षोभ जम्मू और आसपास के क्षेत्रों पर चक्रवाती परिसंचरण के रूप में सक्रिय है। यह प्रणाली समुद्र तल से 3.1 से 4.5 किमी की ऊँचाई पर स्थित है।

इसके साथ ही मध्य और ऊपरी क्षोभमंडल में पश्चिमी हवाओं के साथ एक ऊपरी द्रोणिका (ट्रफ) बनी हुई है, जिसका अक्ष समुद्र तल से लगभग 5.8 किमी ऊपर, 25° उत्तरी अक्षांश के उत्तर में 76° पूर्वी देशांतर के आसपास स्थित है।

एक अन्य द्रोणिका दक्षिण-पूर्वी उत्तर प्रदेश से उत्तर आंतरिक कर्नाटक तक समुद्र तल से 1.5 किमी की ऊँचाई पर फैली हुई है।

पूर्वोत्तर बिहार और आसपास के इलाकों पर एक चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है।

इसके अलावा, 30 जनवरी की रात से एक नया पश्चिमी विक्षोभ उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित करने की संभावना है।

पिछले 24 घंटों के दौरान देश भर में हुई मौसमी हलचल

पिछले 24 घंटे के दौरान, पूर्वी उत्तर प्रदेश में कई स्थानों पर हल्की बारिश हुई।

बिहार के कुछ हिस्सों में भी हल्की बारिश दर्ज की गई।

उत्तराखंड के पूर्वी हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश देखने को मिली।

उत्तर-पश्चिम, मध्य और पूर्वी भारत में न्यूनतम तापमान में 3 से 4 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई।

पश्चिमी उत्तर प्रदेश और हरियाणा के कुछ इलाकों में अत्यंत घना कोहरा छाया रहा।

वहीं पंजाब और पश्चिमी मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में घना कोहरा देखा गया।

अगले 24 घंटों के दौरान मौसम की संभावित गतिविधि

अगले 24 घंटे के दौरान, 29 जनवरी को देश के अधिकांश हिस्सों में किसी भी प्रकार की महत्वपूर्ण बारिश की संभावना नहीं है।

30 जनवरी की रात से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों में छिटपुट से कहीं-कहीं बारिश शुरू हो सकती है।

अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है।

31 जनवरी से 2 फरवरी के बीच पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों में बारिश और बर्फबारी की गतिविधियाँ तेज़ हो सकती हैं।

1 फरवरी को पूर्वी राजस्थान, दक्षिण-पश्चिम उत्तर प्रदेश और उत्तरी मध्य प्रदेश में कहीं-कहीं हल्की बारिश हो सकती है।

31 जनवरी से 1 फरवरी के बीच पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और उत्तर-पूर्वी राजस्थान में हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं।

2 और 3 फरवरी को पूर्वी उत्तर प्रदेश में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है।

अगले 24 घंटों के दौरान उत्तर-पश्चिम भारत में न्यूनतम तापमान में और गिरावट आ सकती है, हालांकि इसके बाद तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होने की संभावना है।

किसी भी सूचना या लेख को प्रसारित या प्रकाशित करने पर साभार: skymetweather.com अवश्य लिखें।

author image
Mahesh Palawat
Vice President of Meteorology & Climate Change
Mr. Palawat, Vice President of Meteorology & Climate Change, is a former Air Force boxer and a passionate weather enthusiast. Dedicated to tracking and predicting weather for the benefit of farmers and the general public, he has been an integral part of Skymet since its inception.
FAQ

नया पश्चिमी विक्षोभ 30 जनवरी की रात से उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित करना शुरू करेगा।

पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों में बारिश और बर्फबारी बढ़ेगी, जबकि पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, उत्तर प्रदेश और राजस्थान के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।

अगले 24 घंटों में उत्तर-पश्चिम भारत में न्यूनतम तापमान और गिर सकता है, इसके बाद धीरे-धीरे तापमान बढ़ने की संभावना है।

डिस्क्लेमर: यह जानकारी स्काइमेट की पूर्वानुमान टीम द्वारा किए गए मौसम और जलवायु विश्लेषण पर आधारित है। हम वैज्ञानिक रूप से सही जानकारी देने का प्रयास करते हैं, लेकिन बदलती वायुमंडलीय स्थितियों के कारण मौसम में बदलाव संभव है। यह केवल सूचना के लिए है, इसे पूरी तरह निश्चित भविष्यवाणी न मानें।

Skymet भारत की सबसे बेहतर और सटीक निजी मौसम पूर्वानुमान और जलवायु इंटेलिजेंस कंपनी है, जो देशभर में विश्वसनीय मौसम डेटा, मानसून अपडेट और कृषि जोखिम प्रबंधन समाधान प्रदान करती है