मानसून मेहरबान: भारी बारिश की चपेट में हरियाणा-राजस्थान, वीकेंड तक बरसात के आसार

By: skymet team | Edited By: skymet team
Jul 31, 2025, 1:30 PM
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हरियाणा के दक्षिणी हिस्सों और राजस्थान के उत्तरी जिलों में रविवार तक तेज बारिश और गरज के साथ मौसम सक्रिय रहने की संभावना है। यह गतिविधि अगले हफ्ते एक-दो दिन और जारी रह सकती है। कल इन क्षेत्रों में मध्यम से भारी बारिश दर्ज की गई। करनाल, अंबाला, हिसार, जयपुर और चूरू में 30 से 50 मिमी तक वर्षा हुई।

अगले 4 दिनों तक बारिश की तीव्रता और क्षेत्र में विस्तार

आने वाले 4 दिनों में हरियाणा और राजस्थान में वर्षा की तीव्रता और क्षेत्र दोनों बढ़ेंगे। अगले 24 घंटों में इन इलाकों में तेज और तेज गति से बारिश होने की संभावना है।

मौसम प्रणाली: चक्रवाती परिसंचरण और सक्रिय मानसून ट्रफ

कम दबाव वाले क्षेत्र के अवशेष अब पश्चिमी उत्तर प्रदेश में एक चक्रवाती परिसंचरण के रूप में सक्रिय हैं। एक और चक्रवाती परिसंचरण हरियाणा और राजस्थान के आस-पास के हिस्सों में बना हुआ है। पूर्व-पश्चिम दिशा में फैली मानसून ट्रफ इन दोनों को जोड़ती है और पूर्व की ओर बढ़ रही है। इन सभी प्रणालियों का संयुक्त प्रभाव हरियाणा और राजस्थान में मानसून को और भी सक्रिय बनाएगा।

अगले 48 घंटों में भारी बारिश, कई जिलों में असर

दक्षिण हरियाणा और उत्तर राजस्थान में अगले 48 घंटों तक भारी बारिश की संभावना है, जिसमें अगले 24 घंटे सबसे ज्यादा असरदार होंगे। हरियाणा के करनाल, सोनीपत, पानीपत, रोहतक, कुरुक्षेत्र, जींद, कैथल, हिसार और अंबाला में बारिश ज्यादा हो सकती है। राजस्थान के गंगानगर, सूरतगढ़, अनूपगढ़, हनुमानगढ़, महाजन, चूरू और पिलानी में भी यही स्थिति रह सकती है।

शनिवार और रविवार को बारिश का दायरा और बढ़ेगा

शनिवार और रविवार को बारिश का क्षेत्र राजस्थान में और फैलेगा और हरियाणा के अधिक हिस्सों को कवर करेगा। इन दो दिनों के दौरान महेन्द्रगढ़, रेवाड़ी, नूंह, पलवल, अलवर, भरतपुर, धौलपुर, जयपुर, सवाई माधोपुर, दौसा, बूंदी और कोटा जैसे स्थानों में भारी से बहुत भारी बारिश संभव है।

4 अगस्त को अत्यधिक भारी बारिश और बाढ़ का खतरा

4 अगस्त को राजस्थान के कई हिस्सों में स्थिति और गंभीर हो सकती है। अत्यधिक भारी बारिश की संभावना है, जिससे स्थानीय स्तर पर बाढ़ जैसी स्थिति भी बन सकती है। इस दौरान लोगों को सतर्क रहने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी जाती है। बारिश की तीव्रता को देखते हुए मौसम विभाग और प्रशासन की चेतावनियों पर ध्यान देना जरूरी है।

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डिस्क्लेमर: यह जानकारी स्काइमेट की पूर्वानुमान टीम द्वारा किए गए मौसम और जलवायु विश्लेषण पर आधारित है। हम वैज्ञानिक रूप से सही जानकारी देने का प्रयास करते हैं, लेकिन बदलती वायुमंडलीय स्थितियों के कारण मौसम में बदलाव संभव है। यह केवल सूचना के लिए है, इसे पूरी तरह निश्चित भविष्यवाणी न मानें।

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