गर्मी ने पकड़ी रफ्तार, राजस्थान-गुजरात में फिर भीषण लू की दस्तक, कई जिलों में तापमान 45°C के पार
राजस्थान और गुजरात में एक बार फिर से लू (Heat Wave) की स्थिति बनने जा रही है। इससे पहले 6 से 8 अप्रैल के बीच इन राज्यों में भीषण गर्मी का असर देखने को मिला था। उसके बाद अधिकतर हिस्सों में लू की स्थिति कम हो गई थी, जिसमें पश्चिमी राजस्थान और सौराष्ट्र-कच्छ क्षेत्र भी शामिल थे। अब जो लू का दौर आने वाला है, वह पहले से भी ज़्यादा तीव्र हो सकता है।
लू की परिभाषा और पहले के हालात
लू की स्थिति तब मानी जाती है जब अधिकतम तापमान 40°C से ऊपर चला जाए और सामान्य से 4.5°C या अधिक बढ़ जाए। यदि यह अंतर 6.4°C से अधिक हो जाए, तो उसे भीषण लू कहा जाता है। जब तापमान 45°C से ऊपर चला जाए, तो यह गंभीर लू की श्रेणी में आता है। ऐसी ही स्थितियाँ पहले राजस्थान की सीमा से लगे क्षेत्रों और गुजरात के सौराष्ट्र-कच्छ में देखने को मिली थीं।
पश्चिमी विक्षोभ और हवाओं में बदलाव का प्रभाव
16 अप्रैल को एक पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) उत्तर भारत के पहाड़ी क्षेत्रों में प्रवेश करेगा और इसके बाद मैदानों में एक चक्रवाती परिसंचरण (Cyclonic Circulation) बनेगा। ऐसे सिस्टम के आने से हवाओं की दिशा बदलती है, जिससे गर्मी और भी बढ़ जाती है। आमतौर पर धूल भरी आँधी या गरज-चमक के साथ बारिश इस गर्मी को संतुलित कर देती है, लेकिन दक्षिणी राजस्थान और गुजरात के कुछ इलाकों में ऐसी मौसमी गतिविधियाँ बहुत कम होती हैं। इन क्षेत्रों में गर्मी से राहत केवल अरब सागर से आने वाली गर्म और आर्द्र हवाओं से ही मिलती है।
16 से 18 अप्रैल: लू की संभावित तीव्र लहर
इस सप्ताह के दौरान राजस्थान और गुजरात में एक बार फिर भीषण गर्मी दस्तक देने वाली है। 16 से 18 अप्रैल के बीच तापमान तेज़ी से बढ़ेगा। राजस्थान के सीमावर्ती और गुजरात के शुष्क इलाकों में तापमान 45°C से ऊपर जा सकता है।
सबसे अधिक प्रभावित शहर और क्षेत्र
राजस्थान के बाड़मेर, जैसलमेर, फालौदी और बीकानेर में 45°C से अधिक तापमान की संभावना है। इसके साथ ही गुजरात में कच्छ के भीतरी क्षेत्र राजकोट, कांडला और सुरेंद्रनगर में पारा 45°C से अधिक रहने के आसार हैं। वहीं, राजस्थान के चूरू, पाली, पिलानी, चित्तौड़गढ़, जोधपुर, जयपुर, सीकर, कोटा, गंगानगर में 43°C से अधिक तापमान की संभावना है। गुजरात के गांधीनगर, अहमदाबाद, डीसा, पाटण, अमरेली, जूनागढ़ में भी तापमान 43°C से अधिक जा सकता है।
सीमापार की गर्म हवा बढ़ा सकती है लू
सीमापार (पाकिस्तान की ओर) से आ रही झुलसाती गर्म हवाएं और अनुकूल पवन प्रवाह इन क्षेत्रों की गर्मी को और भयानक बना देंगे। आने वाले लगभग एक सप्ताह तक यह पूरा क्षेत्र तेज गर्मी और लू की चपेट में रहेगा।







