राजस्थान में बारिश का इंतजार जल्द होगा खत्म, इस दिन से बरसात होने के आसार
राजस्थान के बड़े हिस्सों में इस समय सूखे जैसे हालात हैं। आँकड़ों के अनुसार पूर्वी राजस्थान में 40% और पश्चिमी राजस्थान में 39% बारिश अधिशेष (surplus) दर्ज है। लेकिन हकीकत यह है कि पिछले एक महीने से मौसम लगभग शुष्क बना हुआ है, जिससे किसान और आम लोग चिंता में हैं।
जुलाई तक था बाढ़ का डर, अब सूखे से संकट
जुलाई के तीसरे सप्ताह तक राजस्थान में झमाझम बारिश हो रही थी। जून के आखिर और जुलाई के पहले पखवाड़े में लगातार बारिश हुई, जिससे राजस्थान में बारिश औसत से ज्यादा हो गई और कई जिलों में बाढ़ जैसे हालात तक बन गए थे। उस समय किसान फसलों में जलभराव से नुकसान की आशंका जता रहे थे। लेकिन अब तस्वीर उलट गई है, क्योंकि अत्यधिक बारिश के बाद राज्य सूखे जैसे हालात झेल रहा है।
फसलों पर संकट, बारिश की दरकार
बारिश का यह विपरीत पैटर्न किसानों के लिए बड़ी चिंता बन गया है। जिन फसलों ने पहले समय पर हुई बारिश से अच्छी बढ़त बनाई थी, उन्ही फसलों को अब बारिश की जरूरत हैं। अगर समय पर वर्षा नहीं हुई तो खरीफ की पैदावार पर असर पड़ सकता है।
21 अगस्त से बारिश की वापसी
खुशखबरी यह है कि 21 अगस्त से पूर्वी राजस्थान के जिलों में बारिश फिर से लौटेगी। अलवर, दौसा, करौली, भरतपुर, सवाई माधोपुर, कोटा, बूंदी, उदयपुर, चित्तौड़गढ़, भीलवाड़ा, बांसवाड़ा, डूंगरपुर और प्रतापगढ़ के साथ जयपुर, अजमेर, सिरोही, पाली, जोधपुर और बाड़मेर में बिखरी हुई बारिश की संभावना है। 23 अगस्त से बारिश का दायरा और बढ़ेगा और उत्तर-पश्चिमी राजस्थान तक पहुँच जाएगा। चूरू, बीकानेर, हनुमानगढ़, गंगानगर और जैसलमेर के कुछ हिस्सों में बारिश दर्ज की जा सकती है।
27 अगस्त तक बरकरार रहेगा बरसाती दौर
यह नया बरसाती दौर 27 अगस्त तक जारी रहने की संभावना है। कुछ जिलों में हल्की से मध्यम बारिश होगी जबकि कुछ जगहों पर भारी बौछारें भी पड़ सकती हैं। कुल मिलाकर, अधिकांश हिस्सों में अच्छी बारिश होगी, जिससे किसानों और आम जनता को राहत मिलेगी और फसलों में नई उम्मीद जागेगी।
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