Heavy Rain Alert: डिप्रेशन ओडिशा तट पार, बिहार-पश्चिम बंगाल में जोरदार बारिश का अलर्ट

By: Skymet team | Edited By:
Oct 3, 2025, 1:30 PM
WhatsApp icon
thumbnail image

डिप्रेशन ओडिशा तट पार, फोटो: HIMAWARI सैटेलाइट

पश्चिम प्रशांत सागर से निकला एक ट्रॉपिकल सिस्टम पहले बंगाल की खाड़ी में दाखिल हुआ और धीरे-धीरे एक गहरे दबाव (Deep Depression) के रूप में विकसित हो गया। बीते 48 घंटों में यह सिस्टम और मज़बूत होकर ओडिशा तट के पास गहरे दबाव के रूप में दर्ज किया गया। ज्वाइंट टाइफून वार्निंग सेंटर (JTWC) ने बुधवार देर रात इसे चक्रवाती तूफान घोषित किया था। दरअसल, यह सिस्टम गहरे दबाव और कमज़ोर चक्रवाती तूफान के बीच की स्थिति में था। चक्रवाती तूफान कहलाने के लिए हवा की गति 62 किमी/घंटा होनी चाहिए और JTWC के अनुसार यह करीब 65 किमी/घंटा तक पहुँचा। हालांकि, तेज़ विंड शियर और सूखी हवा के प्रवेश की वजह से यह सिस्टम अपनी ताकत बरक़रार नहीं रख सका और तट के पास थोड़ा कमजोर हो गया।

डिप्रेशन ओडिशा तट पार, फोटो: HIMAWARI सैटेलाइट

डिप्रेशन ओडिशा तट पार, फोटो: HIMAWARI सैटेलाइट

गंजाम-गोपालपुर से गुजरा, हुआ कमजोर

यह गहरा दबाव ओडिशा तट पर गोपालपुर के पास से गुज़रा और कमज़ोर होकर एक साधारण दबाव (Depression) में बदल गया। आज सुबह यह फुलबनी से लगभग 50 किमी दक्षिण-दक्षिण पश्चिम में स्थित था। अगले 12 घंटों तक इसके उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ने की संभावना है। इसके बाद यह एक निम्न दबाव (Low Pressure) क्षेत्र में तब्दील होकर बिहार के तराई इलाकों की ओर मुड़ सकता है। जटिल भौगोलिक परिस्थितियों के कारण यह सिस्टम वहीं थम भी सकता है।

भारी बारिश से बिगड़ेगा हाल

आज पूर्वी उत्तर प्रदेश, पश्चिमी बिहार और उत्तरी छत्तीसगढ़ में भारी से बहुत भारी बारिश के आसार हैं। अगले दो दिन यानी 10 और 11 अक्टूबर को यह बारिश का बेल्ट खिसककर बिहार, पश्चिम बंगाल, सब-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम और असम के पूर्वी इलाकों तक पहुँचेगा। इन हिस्सों में खराब मौसम सामान्य जीवन और संपर्क साधनों को प्रभावित करेगा।

12 अक्टूबर के बाद मिलेगी राहत

यह सिस्टम पूर्वी राज्यों में अगले 2-3 दिनों तक मध्यम बारिश कराता रहेगा। पूरी तरह मौसम साफ़ होने की उम्मीद केवल 12 अक्टूबर के बाद है। इसके बाद ही पूर्वी और पूर्वोत्तर राज्यों से मानसून की वापसी की प्रक्रिया शुरू हो सकती है।

author image
Skymet team

डिस्क्लेमर: डिस्कलेमर- यह विश्लेषण स्काइमेट के मौसम संबंधी आंकड़ों, आंतरिक पूर्वानुमान मॉडल, मौसम केंद्रों से प्राप्त जानकारी, जलवायु संबंधी डेटा और स्काइमेट की मौसम विशेषज्ञ टीम के आकलन पर आधारित है। सटीक जानकारी देने का पूरा प्रयास किया गया है, लेकिन मौसम लगातार बदलने वाली प्राकृतिक प्रक्रिया है, इसलिए परिस्थितियां समय के साथ बदल सकती हैं। यह जानकारी केवल सामान्य सूचना के उद्देश्य से दी गई है और इसे अंतिम या पूरी तरह निश्चित मौसम पूर्वानुमान नहीं माना जाना चाहिए।

Skymet भारत की सबसे बेहतर और सटीक निजी मौसम पूर्वानुमान और जलवायु इंटेलिजेंस कंपनी है, जो देशभर में विश्वसनीय मौसम डेटा, मानसून अपडेट और कृषि जोखिम प्रबंधन समाधान प्रदान करती है

Suggested Resources