मध्य प्रदेश पर निम्न दबाव का क्षेत्र, यूपी-एमपी और राजस्थान में भारी बारिश के आसार, जानें किन शहरों में खतरा

By: AVM GP Sharma | Edited By: Mohini Sharma
Sep 4, 2026, 3:00 PM
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सैटेलाइट इमेज, Himawari

मुख्य मौसम बिंदु

  • उत्तर मध्य प्रदेश और दक्षिण-पश्चिमी यूपी में आज भारी बारिश हो सकती है।
  • नोवगांव में 122 मिमी बारिश दर्ज हुई।
  • राजस्थान में तेज बारिश की गतिविधि कल के बाद कमजोर होगी।
  • अगले 72 घंटे में निम्न दबाव कमजोर होगा।
  • Forecast Validity: अगले 72 घंटे तक सिस्टम का प्रभाव रहेगा; इसके बाद बारिश पूर्व की ओर बढ़ेगी।

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उत्तर-पूर्वी मध्य प्रदेश के ऊपर बना निम्न दबाव का क्षेत्र अब पश्चिम की ओर खिसक गया है। फिलहाल यह उत्तर मध्य प्रदेश और उससे सटे दक्षिण-पश्चिमी उत्तर प्रदेश पर बना हुआ है। इस सिस्टम के आगे हवा के मुड़ने और हवाओं के आपस में मिलने वाला क्षेत्र यानी कन्वर्जेंस जोन बना हुआ है। यह क्षेत्र पूर्वी राजस्थान, दक्षिण-पश्चिमी उत्तर प्रदेश और उत्तर-पश्चिमी मध्य प्रदेश के ट्राई-जंक्शन तक फैला है। इसके कारण आज इन इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश का खतरा बना हुआ है। बारिश की गतिविधियां अगले दो दिन तक जारी रह सकती हैं, हालांकि इसकी तीव्रता धीरे-धीरे कम होगी और बारिश का क्षेत्र थोड़ा पूर्व की ओर खिसकेगा।

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नोवगांव में 122 मिमी बारिश, कई शहरों में तेज बारिश

दक्षिण-पश्चिमी उत्तर प्रदेश की सीमा से लगे इलाकों और मध्य प्रदेश के बुंदेलखंड क्षेत्र में तेज बारिश और गरज के साथ बौछारें दर्ज की गई हैं। मध्य प्रदेश के नोवगांव में पिछले 24 घंटों में 122 मिमी बारिश हुई है। इसके अलावा ग्वालियर, गुना, श्योपुर, खजुराहो, उरई और सुल्तानपुर में भी मध्यम से भारी बारिश दर्ज की गई। आने वाले समय में भी इन क्षेत्रों में मौसम सक्रिय रहने की संभावना है।

अगले 72 घंटे में कमजोर होगा निम्न दबाव

निम्न दबाव का क्षेत्र अगले 72 घंटों में धीरे-धीरे कमजोर होगा। हालांकि इसका चक्रवाती परिसंचरण बना रहेगा और यह धीरे-धीरे पूर्व दिशा में बढ़ते हुए मध्य और पूर्वी उत्तर प्रदेश तथा मध्य प्रदेश के सीमावर्ती इलाकों की ओर जाएगा। अगले सप्ताह के मध्य तक यह सिस्टम बिहार, झारखंड और छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों तक पहुंच सकता है। वहां पहुंचने के बाद इसके एक बार फिर संगठित होने और देश के पूर्वी व मध्य हिस्सों से होते हुए पश्चिम की ओर बढ़ने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। इसलिए इस मौसम प्रणाली पर आगे भी नजर रखना जरूरी होगा।

इन शहरों में भारी बारिश का खतरा

मध्य प्रदेश में ग्वालियर, गुना, श्योपुर, शिवपुरी, अशोकनगर, दतिया, भिंड और मुरैना में भारी से बहुत भारी बारिश का खतरा है। पूर्वी राजस्थान में कोटा, बारां, सवाई माधोपुर, करौली, झालावाड़, धौलपुर और टोंक प्रभावित हो सकते हैं। वहीं उत्तर प्रदेश में मध्य प्रदेश और राजस्थान से सटे झांसी, बांदा, उरई, महोबा, हमीरपुर, औरैया और कानपुर में तेज बारिश हो सकती है। राजस्थान में तेज मौसम गतिविधियां कल के बाद कमजोर होकर हट जाएंगी, जबकि इसके बाद अगले 48 घंटों तक बारिश मुख्य रूप से उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश तक सीमित रहेगी। इन दोनों राज्यों के पश्चिमी हिस्से पूर्वी हिस्सों की तुलना में ज्यादा प्रभावित हो सकते हैं।

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AVM GP Sharma
President of Meteorology & Climate Change
AVM Sharma, President of Meteorology & Climate Change at Skymet Weather Services, is a retired Indian Air Force officer who previously led the Meteorological Branch at Air Headquarters in New Delhi. With over a decade of experience at Skymet, he brings a wealth of knowledge and expertise to the organization.
FAQ

पूर्वी राजस्थान, उत्तर-पश्चिमी मध्य प्रदेश और दक्षिण-पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है।

हां, बारिश अगले दो दिन जारी रह सकती है, हालांकि इसकी तीव्रता धीरे-धीरे कम होगी।

निम्न दबाव का क्षेत्र अगले 72 घंटे में धीरे-धीरे कमजोर होगा, लेकिन इसका चक्रवाती परिसंचरण कुछ समय तक बना रहेगा।

डिस्क्लेमर: डिस्कलेमर- यह विश्लेषण स्काइमेट के मौसम संबंधी आंकड़ों, आंतरिक पूर्वानुमान मॉडल, मौसम केंद्रों से प्राप्त जानकारी, जलवायु संबंधी डेटा और स्काइमेट की मौसम विशेषज्ञ टीम के आकलन पर आधारित है। सटीक जानकारी देने का पूरा प्रयास किया गया है, लेकिन मौसम लगातार बदलने वाली प्राकृतिक प्रक्रिया है, इसलिए परिस्थितियां समय के साथ बदल सकती हैं। यह जानकारी केवल सामान्य सूचना के उद्देश्य से दी गई है और इसे अंतिम या पूरी तरह निश्चित मौसम पूर्वानुमान नहीं माना जाना चाहिए।

Skymet भारत की सबसे बेहतर और सटीक निजी मौसम पूर्वानुमान और जलवायु इंटेलिजेंस कंपनी है, जो देशभर में विश्वसनीय मौसम डेटा, मानसून अपडेट और कृषि जोखिम प्रबंधन समाधान प्रदान करती है